उत्तम राठौर
इंदौर. भीषण गर्मी से इन दिनों जहां सभी परेशान हैं, वहीं सौर ऊर्जा से बिजली लेने वालों की बल्ले-बल्ले है। तेज धूप की उपलब्धता एक घंटा ज्यादा मिलने से बिजली उत्पादन जो बढ़ गया है। इंदौर शहर व समीप के पांच किलोमीटर क्षेत्र में तीन हजार स्थानों की छतों पर सौर ऊर्जा पैनल से बिजली जनरेट की जा रही है।
शहर सफाई में अव्वल आने के बाद अब ग्रीन एनर्जी की तरफ दौड़ रहा है। स्मार्ट शहर इंदौर में लोग अब सौर ऊर्जा की ओर तेजी से कदम बढ़ा रहे हैं। जिसके पास भी पर्याप्त छत है, वह इसका फायदा ले रहा है। छतों से बिजली जनरेट करने वालों की संख्या में तीन गुना इजाफा हुआ है। दो वर्ष पहले इंदौर में एक हजार छतों पर सोलर पैनल्स लगी थीं। 2021 के अप्रैल में यह संख्या 1400 थी। इस वर्ष अप्रैल में यह तीन हजार के करीब पहुंच गई। शहर में लगभग 500 कॉलोनी में सवा दो हजार से ज्यादा घरों और बहुमंजिला इमारतों की छत पर सोलर पैनल्स लगाकर पावर जनरेट किया जा रहा है। अन्य स्थानों की दुकानों की छतों, शासकीय कार्यालयों, स्कूलों, कॉलेजों, स्टेशन, एयरपोर्ट, कलेक्टर कार्यालय, अस्पतालों, पुलिस ट्रेनिंग सेंटर आदि की छतों पर भी सूर्य की रोशनी से बिजली उत्पादन हो रहा है। सूर्योदय और सूर्यास्त समय में लगभग 13 घंटे का अंतर होने से बिजली उत्पादन ज्यादा हो रहा है। मई में इसमें और बढ़ोत्तरी होने की उम्मीद है, क्योंकि सूरज की किरणों की उपलब्धता एक घंटे ज्यादा होने से बिजली उत्पादन बढ़ेगा। मतलब कि सुबह 6 बजे सूर्य उदय होने के बाद अस्त शाम 7 बजे के बाद हो रहा है। अस्त होने के समय भी सूरज की तपन रहती है।
इन शहरों में भी ग्रीन एनर्जी
केंद्र और राज्य शासन की मंशा अनुसार इंदौर शहर के लोगों की छतों के उपयोग से पावर जनरेशन में सहभागिता अच्छी है। इंदौर के बाद उज्जैन में 600 छतों पर, रतलाम में 200 छतों पर और धार जिले में 175 स्थानों की छतों का उपयोग ग्रीन एनर्जी के लिए किया जा रहा है। मालवा-निमाड़ में नेट मीटर रूफ टॉप सोलर सिस्टम वाले स्थानों की कुल संख्या 4750 तक पहुंच गई हैं। गौरतलब है कि सूर्य की किरणों से बनने वाली बिजली गुणवत्तापूर्ण होने के साथ सस्ती भी है। इससे महीने के बिजली बिल में बचत भी होती है।
यहां सबसे ज्यादा रुचि
सौर ऊर्जा को लेकर शहर में विजय नगर, आनंद कॉलोनी, बॉम्बे हॉस्पिटल के आसपास, रिंग रोड, सत्य साई चौराहा के करीब के क्षेत्र सबसे ज्यादा सक्रियता के साथ आगे हैं। इस क्षेत्र में 300 स्थानों पर छतों का उपयोग पावर जनरेशन में हो रहा है।
टॉप पर इंदौर
इंदौर शहर नेट मीटर रूफ टॉप सोलर एनर्जी में स्टेट में टॉप पर है। केंद्र व राज्य शासन के अलावा पश्चिम क्षेत्र बिजली वितरण कंपनी भी इसके लिए काफी प्रयास करती है। मंजूरी प्रक्रिया को भी डिविजन स्तर पर पूर्ण किया जा रहा है, ताकि रहवासियों को आसानी हो।
- अमित तोमर, एमडी मप्रपक्षेविविकं इंदौर
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