अर्जंटीना में मिले डायनोसॉर के 9.8 करोड़ साल पुराने अवशेष, हो सकता है धरती का सबसे विशाल जीव

वैज्ञानिकों को 9.8 करोड़ साल पुराने जीवाश्म मिले हैं जो सबसे विशाल डायनोसॉर के हो सकते हैं। दक्षिणपश्चिम अर्जंटीना में इंसानों के आकार की हड्डियां मिली हैं। अब तक सबसे बड़े माने गए पटागॉटिटन मेयोरम (Patagotitan mayoram) की तुलना में सॉरोपॉड जीवाश्म 10-20 गुना बड़े हैं। इस बारे में नैशनल यूनिवर्सिटी ऑफ ला मतांजा की CTYS वैज्ञानिक एजेंसी ने जानकारी दी है। भले ही यह सबसे बड़े डायनोसॉर न हों, इतने विशाल जीव की खोज अपने आप में बेहद खास है। (फोटो: Alejandro Otero and José Luis Carballido)

Argentina Largest Dinosaur: अर्जंटीना में 9.8 करोड़ साल पुराने डायनोसॉर के अवशेष मिले हैं जो धरती पर सबसे विशाल जीव के हो सकते हैं।


अर्जंटीना में मिले डायनोसॉर के 9.8 करोड़ साल पुराने अवशेष, हो सकता है धरती का सबसे विशाल जीव

वैज्ञानिकों को 9.8 करोड़ साल पुराने जीवाश्म मिले हैं जो सबसे विशाल डायनोसॉर के हो सकते हैं। दक्षिणपश्चिम अर्जंटीना में इंसानों के आकार की हड्डियां मिली हैं। अब तक सबसे बड़े माने गए पटागॉटिटन मेयोरम (Patagotitan mayoram) की तुलना में सॉरोपॉड जीवाश्म 10-20 गुना बड़े हैं। इस बारे में नैशनल यूनिवर्सिटी ऑफ ला मतांजा की CTYS वैज्ञानिक एजेंसी ने जानकारी दी है। भले ही यह सबसे बड़े डायनोसॉर न हों, इतने विशाल जीव की खोज अपने आप में बेहद खास है। (फोटो: Alejandro Otero and José Luis Carballido)



कैसी होती है यह प्रजाति...
कैसी होती है यह प्रजाति...

सॉरोपॉड विशाल, लंबे गले, लंबी पूंछ, पौधे खाने वाले विशाल जीव थे। इनमें से पटागॉटिटन का वजन 70 टन के थे और 40 मीटर लंबे होते थे। अर्जंटीना के म्यूजियो डि ला प्लाटा में काम करने वाले अलेहांद्रो ओतेरो ऐसे जीवों पर काम कर रहे हैं। उन्होंने साइंस जर्नल क्रिटेशस रिसर्च में एक रिसर्च पेपर लिखा है। म्यूजियो एगिडियो फेरुग्लियो के पेलियंटॉलजिस्ट होजे लुई कार्बालिडो के मुताबिक 2012 में नेकिन नदी घाटी में विशाल जीवाश्म खोजे गए थे लेकिन खुदाई का काम 2015 में शुरू हुआ। (फोटो: Alejandro Otero and José Luis Carballido)



खुदाई के बाद मिलेंगे पूरे जवाब
खुदाई के बाद मिलेंगे पूरे जवाब

कार्बालिडो ने बताया है, 'हमें आधे से ज्यादा पूंछ मिली है, बहुत सी कूल्हे की हड्डियां मिली हैं।' उन्होंने बताया है कि अभी भी काफी हिस्सा चट्टान के अंदर है तो कई साल की खुदाई अभी करनी पड़ेगी। यह विशाल कंकाल चट्टानों की परत के नीचे मिला है जो 9.8 करोड़ साल पहले का हो सकता है। जपाला में डायरेक्टर ऑफ म्यूजियम ऑफ नैचरल साइंसेज के मुताबिक हो सकता है कि यह हड्डियां पूरी हों। खुदाई में क्या मिलता है, उससे पूरी कहानी पता चलेगी लेकिन भले ही यह सबसे विशाल डायनोसॉर न हो, यह खोज अपने आप में अहम है।

(फोटो: CTyS-UNLaM Science Outreach Agency)



चांद पर 'डायनोसॉर' ले गया था ऐस्टरॉइड?
चांद पर 'डायनोसॉर' ले गया था ऐस्टरॉइड?

इससे पहले एक किताब में दावा किया गया है कि जिस ऐस्टरॉइड ने डायनोसॉर्स को विलुप्त कर दिया था, उसकी वजह से डायनोसॉर चांद पर पहुंच गए थे। किताब 'दि एंड ऑफ द वर्ल्ड' में दावा किया गया है कि जब यह विशाल ऐस्टरॉइड आया था तो इसके भयानक इंपैक्ट की वजह से धरती से मैटर कक्षा में चला गया जिसमें डायनोसॉर की हड्डियां भी शामिल हो सकती हैं।





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